सोने के भाव में फिर नरमी, दिल्ली में 200 रुपये सस्ता हुआ गोल्ड; चांदी के दाम स्थिर
दिल्ली के सर्राफा बाजार में सोने की कीमत में मामूली गिरावट दर्ज की गई। 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाला सोना 200 रुपये टूटकर 1,49,600 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। इससे पिछले कारोबारी दिन इसका भाव 1,49,800 रुपये प्रति 10 ग्राम था। दूसरी ओर चांदी की कीमत में कोई बदलाव नहीं हुआ और यह 2.27 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर बनी रही।
मजबूत डॉलर ने बढ़ाया सोने पर दबाव
सोने की कीमत में आई नरमी के पीछे अमेरिकी डॉलर की मजबूती को अहम वजह माना जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने का कारोबार डॉलर में होता है। ऐसे में अमेरिकी मुद्रा मजबूत होने पर दूसरे देशों के खरीदारों के लिए सोना महंगा हो जाता है। इसका सीधा असर मांग पर पड़ सकता है।
इसके अलावा अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में तेजी भी सोने के लिए चुनौती बनी हुई है। सोना खुद किसी तरह का ब्याज नहीं देता। ऐसे में बॉन्ड से मिलने वाला रिटर्न बढ़ने पर कुछ निवेशक सोने की जगह ब्याज आधारित निवेश विकल्पों का रुख कर सकते हैं।
खुदरा मांग कमजोर, बाजार में खरीदारी सुस्त
घरेलू बाजार में कमजोर खुदरा मांग भी सोने की कीमत पर असर डाल रही है। मौजूदा समय में ग्राहक पहले की तुलना में कम खरीदारी कर रहे हैं। पितृ पक्ष के दौरान भी कई परिवार सोना, आभूषण और अन्य शुभ खरीदारी से दूरी बनाए रखते हैं, जिसका असर ज्वेलरी बाजार पर दिखाई देता है।
हालांकि आने वाले समय में तस्वीर बदल सकती है। नवरात्रि, धनतेरस, दिवाली और शादी के सीजन के दौरान सोने की मांग बढ़ने की उम्मीद रहती है। अगर त्योहारों के साथ खरीदारी तेज होती है तो घरेलू बाजार में सोने की कीमतों को नया सहारा मिल सकता है।
विदेशी बाजार में सोने को मिला हल्का सहारा
घरेलू बाजार में गिरावट के बावजूद अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड में हल्की मजबूती दिखाई दी। सोना करीब 4,149 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर कारोबार करता नजर आया, जबकि चांदी लगभग 61 डॉलर प्रति औंस के आसपास बनी रही।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में अब निवेशकों की नजर अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दर नीति, डॉलर की दिशा और अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड पर है। वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता और भू राजनीतिक तनाव भी सोने की चाल को प्रभावित कर सकते हैं।
MCX पर भी सोने की चाल रही कमजोर
वायदा बाजार में भी सोने पर दबाव नजर आया। MCX पर सोना करीब 1,49,100 रुपये प्रति 10 ग्राम के आसपास कारोबार करता दिखाई दिया। चांदी में भी कमजोरी दर्ज की गई।
हालांकि सर्राफा बाजार और MCX के भाव को एक जैसा नहीं माना जाना चाहिए। सर्राफा बाजार में स्थानीय मांग, टैक्स और अन्य लागत का असर होता है, जबकि MCX पर वायदा कारोबार के आधार पर कीमत तय होती है।
200 रुपये की गिरावट से खरीदारों को कितनी राहत
सोने में 200 रुपये प्रति 10 ग्राम की गिरावट बहुत बड़ी नहीं है, लेकिन मौजूदा ऊंचे भाव को देखते हुए खरीदारों के लिए यह मामूली राहत जरूर है। उदाहरण के लिए 50 ग्राम सोना खरीदने पर इसी दर से करीब 1,000 रुपये की बचत हो सकती है।
हालांकि आभूषण खरीदते समय केवल सोने का बाजार भाव देखना पर्याप्त नहीं है। अंतिम कीमत में मेकिंग चार्ज, GST और डिजाइन से जुड़ी लागत भी शामिल होती है। इसलिए खरीदारी से पहले बिल में सभी शुल्क की जानकारी जांचना जरूरी है।
24 कैरेट और 22 कैरेट में क्या अंतर है
99.9 प्रतिशत शुद्धता वाला सोना आम तौर पर 24 कैरेट माना जाता है। इसका इस्तेमाल मुख्य रूप से सिक्के और बार जैसे निवेश उत्पादों में किया जाता है। दूसरी ओर आभूषणों के लिए 22 कैरेट सोने का इस्तेमाल ज्यादा होता है।
24 कैरेट सोना अपेक्षाकृत नरम होता है। इसलिए ज्वेलरी को मजबूत बनाने के लिए इसमें दूसरी धातुओं की कुछ मात्रा मिलाई जाती है। खरीदारी के समय कैरेट के साथ हॉलमार्क की जांच करना भी जरूरी है।
अब आगे किस दिशा में जा सकता है सोना
आने वाले दिनों में सोने की कीमत पर कई घरेलू और वैश्विक कारकों का असर रहेगा। अमेरिकी डॉलर, बॉन्ड यील्ड, फेड की ब्याज दर नीति, कच्चे तेल की कीमत और वैश्विक तनाव बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।
भारत में त्योहारी और शादी की मांग भी महत्वपूर्ण होगी। अगर नवरात्रि और धनतेरस के दौरान खरीदारी बढ़ती है तो घरेलू बाजार में सोने की कीमतों को मजबूती मिल सकती है। वहीं डॉलर और बॉन्ड यील्ड में तेजी जारी रहने पर कीमतों पर दबाव बना रह सकता है।
फिलहाल दिल्ली में सोना 200 रुपये की गिरावट के साथ 1,49,600 रुपये प्रति 10 ग्राम पर है, जबकि चांदी 2.27 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर स्थिर है। आगे बाजार की नजर त्योहारी मांग और अंतरराष्ट्रीय संकेतों पर रहेगी।