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CG : नदी में छलांग लगाने की कहानी मनगढ़ंत : दो दिन बाद उमाकांत का शव बरामद... पिता ने कहा- दोस्तों ने की बेटे की हत्या

दुर्ग, शिवनाथ नदी से दो शवों को पुलिस ने खोज लिया है। इसमें एक लड़की और लड़के की लाश है। मंगलवार देर रात नदी में गिरे पिकअप पर गरिमा (11) भी सवार थी। हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर अब 6 हो गई है। जबकि बुधवार देर रात सुसाइड की घटना में उमाकांत का शव भी बरामद कर लिया गया है।एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय मछुआरों की टीम ने दोनों शव को नदी से खोजकर बाहर निकाला। उमाकांत साहू के शव पर गंभीर चोट के निशान है। पिता ने आरोप लगाया है कि उसके बेटे ने खुदकुशी नहीं की, बल्कि उसे मारकर नदी में फेंका गया है।

बुधवार 6 सितंबर की रात 8.30 बजे बोरसी निवासी उमांकात साहू (24 साल) अपने दोस्त कुणाल के बर्थडे पार्टी में गया था। उसके साथ आदित्य साहू, गोपाल दाउ, साकेत देवांगन, मुस्कान और एक अन्य लड़की भी गई थी। सभी ने हमर ढाबा में खाना खाया गए थे।देर रात 12.38 बजे साकेत ने विश्राम सिंह साहू को फोन कर बताया कि उमाकांत शिवनाथ में कूदकर खुदकुशी कर ली है। पिता का आरोप है कि उनके बेटे के शरीर में जख्म के निशान हैं। उसके साथ मारपीट की गई है। इससे ये स्पष्ट है कि उसने खुदकुशी नहीं की बल्कि, उसे मारकर नदी में फेंका गया है। पिता ने पुलिस प्रशासन से गुहार लगाई है कि मामले की सही जांच करके आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाए।

 


सुसाइड करने वाला अपने सामान को सुरक्षित नहीं रखता – विश्राम साहू

उमाकांत के पिता विश्राम साहू के मुताबिक जिस ब्रिज से उमाकांत ने छलांग लगाई थी, उस जगह पर उसकी घड़ी, पर्स, मोबाइल, रुमाल और चश्मा रखा हुआ मिला। सुसाइड करने वाला मरने से पहले अपनी चीजों को सुरक्षित नहीं रखता। उनका आरोप है कि उसके चारों दोस्तों ने मिलकर उसकी हत्या की है। इसके बाद उसके सामान को वहां पर प्लानिंग के तहत रखा हैविश्राम साहू का आरोप है कि ढाबे में भी उमाकांत खाना नहीं खाया और अकेले घर वापस आने के लिए बुलेट से निकला। उसके बाद उसके दोस्त साकेत देवांगन और कुणाल दूसरी गाड़ी से उसके पीछे-पीछे गए । बाद में साकेत ने बताया कि उमाकांत बड़े ब्रिज न जाकर छोटे ब्रिज की तरफ गया। उन्होंने उसे नदी में कूदते हुए देखा है।

शाम को हुआ अंतिम संस्कार, गांव में पसरा मातम

शिवनाथ नदी से बॉडी निकालने के बाद पुलगांव पुलिस ने शव को पीएम के लिए भेजा। पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों के हवाले कर दिया गया। मतवारी गांव में उसका अंतिम संस्कार किया गया है। उमाकांत के अंतिम संस्कार कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे।

लड़की के शव को भी पीएम के बाद परिजनों को सौंपा

मंगलवार 5 सितंबर की देर रात एक पिकअप भी शिवनाथ नदी में गिर गई थी। चालक सहित एक महिला और तीन बच्चियों की मौत हो गई थी। एसडीआरएफ की टीम ने पिकअप को नदी से बाहर निकाला तो उसमें चालक बोरसी निवासी ललित साहू (40) सहित तामेश्वरी देशमुख (33) पत्नी गिरीश देशमुख उसकी बेटी यश लक्ष्मी (13) और कुमुद (7) का शव मिला। 11 साल की बच्ची गरिमा का शव नहीं मिला था।


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पल्लवी मंडावी

पल्लवी मंडावी पत्रकारिता (जर्नलिज्म) में स्नातक हैं और उन्हें मीडिया के क्षेत्र में 7 वर्षों का लंबा और गहन जमीनी अनुभव है। एक प्रखर स्वतंत्र लेखिका (Independent Writer) के रूप में विभिन्न प्रतिष्ठित मंचों में उनके लेख प्रकाशित होते रहते हैं। पल्लवी सामाजिक, राजनीतिक और समसामयिक मुद्दों पर बेहद बेबाकी से लिखती हैं और अपनी धारदार लेखनी के माध्यम से जनसरोकार की आवाज़ को प्रमुखता से सबके समक्ष रखती हैं।
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