मंत्री टीएस सिंहदेव प्रदर्शनकारियों के बीच पहुंचे , फिर मुर्... - CG Sandesh

मंत्री टीएस सिंहदेव प्रदर्शनकारियों के बीच पहुंचे , फिर मुर्दाबाद के बाद लगे जिंदाबाद के नारे

अंबिकापुर। छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के अंबिकापुर के मेडिकल कॉलेज के एसएनसीआईयू में 4 नवजात शिशुओं की मौत हो गई है। इस घटना के सामने आते ही हड़कंप मच गया। इस घटना की खबर लगते ही आनन-फानन में स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव राजधानी रायपुर से अंबिकापुर पहुंचे। वहीं बच्चों की मौत की घटना लेकर भाजपा ने विरोध प्रदर्शन करते हुए मेडिकल कॉलेज का घेराव कर दिया और जमकर नारेबाजी की। घटना को लेकर भाजपा ने स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव से इस्तीफा भी मांगा है। वहीं चल रहे विरोध प्रदर्शन के बीच स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव पहुँच गए और प्रदर्शनकारियों से मिले जहां उन्होंने उनकी बात सुनी और आश्वाशन दिया। जिसके बाद मंत्री टीएस सिंहदेव के खिलाफ लग रहे नारे उनके जयकारे में बदल गए।

अंबिकापुर के राजमाता देवेंद्र कुमारी सिंहदेव मेडिकल कालेज के एमसीएच में एसएनसीयू वार्ड है। यहां पर घटना के समय 46 नवजात भर्ती थे। इनमें से ज्यादातर बच्चों को वेंटिलेटर पर रखा गया था। इस दौरान देर रात करीब दो घंटे के लिए बिजली गुल हो गई। इसके चलते वहां लगे वेंटिलेटर और अन्य मशीनें बंद हो गईं। आक्सीजन सप्लाई भी प्रभावित हुई। वहीं बैकअप लाइन से सप्लाई की जा रही थी, लेकिन मेन लाइन को चलाने के लिए उसे भी बंद कर दिया गया। फॉल्ट होने के कारण मेन लाइन से बिजली नहीं आई और बैकअप भी बंद था। इस दौरान चार बच्चों ने दम तोड़ दिया। वहीं अन्य बच्चों की हालत भी खराब हो गई। हालांकि अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि जिन चार बच्चों की मौत हुई है, उनमें दो की हालत पहले से ठीक नहीं थी। वहीं 4 नवजात बच्चों की मौत की जानकारी उनके परिजनों को सुबह दी गई।

मौके पर कलेक्टर कुंदर कुमार, एसपी भावना गुप्ता, मेडिकल कालेज के डीन डा. आर. मूर्ति सहित प्रशासनिक अमला व स्वास्थ्य अधिकारी पहुंचे। अधिकारियों ने एसएनसीयू वार्ड का निरीक्षण किया। अधिकारियों के सामने मृत बच्चों के परिजन बिलखते रहे और अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया।




भ्रष्टाचार को बढ़ावा और मुख्यमंत्री के जीरो टोलरेंस निति को चुनौती देता जनसंपर्क विभाग, पीजीपोर्टल, जनशिकायत, सीएमहेल्पलाइन लाइनपर की गई शिकायत सब बेअसर

पीजी पोर्टल में शिकायत के बाद भी नहीं मिल रहा न्याय, जाँच प्रणाली में सुधार की आवश्यकता, आजादी के 79 साल बाद भी शिकायत के जाँच में स्वतंत्रता नही.


author

पल्लवी मंडावी

पल्लवी मंडावी पत्रकारिता (जर्नलिज्म) में स्नातक हैं और उन्हें मीडिया के क्षेत्र में 7 वर्षों का लंबा और गहन जमीनी अनुभव है। एक प्रखर स्वतंत्र लेखिका (Independent Writer) के रूप में विभिन्न प्रतिष्ठित मंचों में उनके लेख प्रकाशित होते रहते हैं। पल्लवी सामाजिक, राजनीतिक और समसामयिक मुद्दों पर बेहद बेबाकी से लिखती हैं और अपनी धारदार लेखनी के माध्यम से जनसरोकार की आवाज़ को प्रमुखता से सबके समक्ष रखती हैं।
अन्य सम्बंधित खबरें