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नगरपालिका द्वारा नोटिस थमा कर दुकान या मकान तोड़े जाने की बात कहना उनके साथ अन्याय : हरदीप सिंह रैना

सरायपाली के वार्ड क्रमांक 8 से पार्षद हरदीप सिंह रैना ने मुख्य नगरपालिका अधिकारी को ज्ञापन सौंपते हुए मांग की है कि झिलमिला वार्ड क्रमांक 09 मुख्य मार्ग के किनारे निवासरत तथा व्यवसाय करने वाले आम लोगों को नगर पालिका प्रशासन द्वारा जो नोटिस जारी किया जा रहा है उसे निरस्त किया जाना चाहिए. क्योंकि पिछले चार दशक से वे लोग यहां दुकान व मकान बनाकर रह रहे हैं तथा नगरपालिका को संपत्ति कर समेकित कर व स्वच्छता कर पटा रहे हैं. सभी के यहां स्थाई विद्युत कनेक्शन भी लगा है ऐसे में उन्हें नोटिस थमा कर दुकान या मकान तोड़े जाने की बात कहना उनके साथ अन्याय है.

पार्षद रैना ने कहा कि पालिका प्रशासन का भेदभाव उनके कार्य में दिखाई दे रहा है एक और नगर पालिका प्रशासन जहां अग्रसेन चौक से लेकर जयस्तंभ चौक तक पानी का छिड़काव करती है रोजाना वहीं पर झिलमिला चौक तथा झिलमिला टाउन हॉल के सामने उड़ने वाली धूल से स्थानीय दुकानदारों निवासी परेशान है. लेकिन आज तक पालिका प्रशासन ने वहां पानी का छिड़काव नहीं करवाया है पालिका प्रशासन को यह भेदभाव खत्म करते हुए समान रूप से जहां भी सड़क में धूल उड़ रही है वहां पानी का छिड़काव करवाना चाहिए.


वार्ड क्रमांक 8 के पार्षद हरदीप सिंह रैना ने नगर पालिका की सफाई व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि सराईपाली शहर की सफाई व्यवस्था पूर्ण रूप से ठप हो चुकी है नगर में जहां तहां गंदगी पसरी हुई है जगह-जगह बड़ी-बड़ी घास उग आइ है,  इसका बड़ा कारण है साफ सफाई व्यवस्था की मॉनिटरिंग ना होना पालिका प्रशासन द्वारा साफ सफाई व्यवस्था को लावारिस छोड़ दिया गया है, इसकी कोई सुध नहीं ले रहा है ना ही अधिकारी और ना ही जवाबदार. जनप्रतिनिधि इस पर ध्यान दे रहे हैं पालिका प्रशासन को इस ओर ध्यान देते हुए साफ सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करना चाहिए !

पार्षद रैना नगर पालिका की कार्यशैली पर सवाल खड़ा करते हुए कहा कि एक और हम मिशन क्लीन सिटी की बात कहते हैं दूसरी और हम बिना नए शौचालय का निर्माण किए बिना किसी की अनुमति के बिना पी आई सी बैठक में आम सहमति बनाए नगर पालिका परिषद के परिसर में एकमात्र सार्वजनिक शौचालय को नष्ट कर देते हैं. नगर पालिका प्रशासन को इसका जवाब देना चाहिए कि किसके आदेश से शौचालय नष्ट किया गया.

यह सार्वजनिक करना चाहिए क्योंकि कोई भी शासकीय संपत्ति को बिना अनुमति के तोड़ या तुड़वा नही सकता ऐसा करने वाले दोषी व्यक्ति के ऊपर प्राथमिकी दर्ज कराना चाहिए. सार्वजनिक शौचालय को तोड़े जाने की पूरी कार्रवाई नगरपालिका के सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड है.

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