शराब भट्ठी से निकाले गए 16 कर्मचारी करेंगे अनिश्चित कालीन भूख हड़ताल, मांगी अनुमति, बाहरी राज्य से कर्मचारी लाकर किया जा रहा है मनमानी.
बसना सरायपाली और बागबाहरा के शराब भट्ठी के 16 कर्मचारियों ने भूख हड़ताल में बैठने की अनुमति मांगी है जिला कलेक्टर महासमुंद को ज्ञापन सौपते हुए बताया गया हैं कि हम सभी आवेदक गण महासमुन्द जिले के शराब भट्ठी में प्लेसमेंट एजेंसी द्वारा अलर्ट कमांडो प्रयावेट लिमिटेड के कर्मचारी के रूप में कार्य कर रहे थे. लेकिन अचानक जिला आबकरी अधिकारी वासनिक द्वारा हमे हटाकर बाहरी राज्यों से आए व्यक्तियों को कर्मचारी के रूप में हमारे स्थान पर रख लिया गया है.
बताया गया कि शराब भट्ठी के स्थानीय कर्मचारियो को हटाने के पहले किसी भी प्रकार का कोई नोटिस नही दिया गया तथा पूरे लॉक डाउन के दौरान जान जोखिम में डालकर काम किए कर्मचारी को निकाल दिया गया है. जबकि बाहरी राज्य से जो कर्मचारि आए हैं ना तो उनका पुलिस वेरिफिकेशन किया गया है और ना ही बिना योग्यता के जांचा गया है. ऐसे ही सभी को कार्य मे रख लिया गया हैं.
कर्मचारियों ने बताया कि यह सपष्ट है कि जिला आबकरी अधिकारी वासनिक मनमानी कर रहे है. आबकरी अधिकारी द्वारा छत्तीसगढ़ और स्थानीय के मूल निवासियों को हटा देने के कारण हमारे आगे रोजी रोटी के संकट उतपन्न हो गई है.
जिसके चलते उन्होंने कार्य मे पुनः कार्य मे रखे जाने की मांग की लेकर 16 कर्मचारीयों ने शासन से मांग से मांग किया है कि उन्हें पुनः उनके मूल स्थान पर शराब भट्ठी पर कार्य मे रखा जाए.
इसके आलावा बसना सरायपाली के कर्मचारियो ने आबकरी अधिकारी को महासमुन्द से हटाकर अन्यत्र जगह भेजे जाने की मांग कर रहे है. कर्मचारियो का मांगे पूरी नही होने पर वे 16 लोग 10 अक्टूबर 2020 से सरायपली आबकारी विभाग के सामने अनिश्चित कालीन भूख हड़ताल करेंगे.