सरायपाली में शासन प्रशासन की तरफ से किसी प्रकार का कोई लाकडा... - CG Sandesh

सरायपाली में शासन प्रशासन की तरफ से किसी प्रकार का कोई लाकडाउन नहीं : हरदीप सिंह रैना

सरायपाली में कुछ व्यापारियों द्वारा स्थानीय प्रशासन को आवेदन दिया गया कि 5 दिनों के लिए लागू किया जाए जिस का विरोध पूरे शहर में अधिकतर व्यवसाई कर रहे हैं नगर पालिका सभापति हरदीप सिंह रैना ने इस विषय पर अपनी राय देते हुए कहा की करोना संकटकाल में व्यवसाईयों ने शासन के सभी दिशा निर्देशों का पालन किया अपनी दुकानें बंद रखी इससे उनके आगे रोजी-रोटी तक की समस्या खड़ी हो गई. सबसे बुरा हाल गुमटी ठेला वालों का था क्योंकि वह रोज कमाने वाले और उसी कमाई से घर चलाने वाले लोग हैं. 6 महीने के लाक डाउन के बाद बाजार खुलने लगा है शासन को भी समझ आ चुका है कि लॉकडाउन डाउन समस्या का हल नहीं है. सावधानियों से ही कोरोनावायरस से बचा जा सकता है.

सभापति रैना ने कहा कि जो लोग लॉकडाउन की बात कर रहे हैं वह बड़े व्यवसाई हैं वह लाखों करोड़ों की खरीदी बिक्री करने वाले लोग हैं उन्हें लॉकडाउन से कोई फर्क नहीं पड़ता,  लेकिन जो लोग मजदूरी करके कमाते खाते हैं या किसी दुकान या होटल में काम करते हैं उनकी आय का जरिया सिर्फ उनकी वही आमदनी जिससे वे लोग ना सिर्फ अपना घर चलाते हैं बल्कि गली मोहल्लों में ग्रुप में जो लोन उन्होंने बैंकों से लिया है हर हफ्ते उसकी किश्ती भी उसी से पटाते हैं. अब बैंक वाले दबाव बना रहे हैं हर हफ्ते घर पहुंच जा रहे हैं पैसों के लिए ऐसे में अगर अब वे नहीं कमाएंगे तो उन्हें कर्ज लेकर ब्याज में पैसा उठा कर बैंक का पैसा चुकाना पड़ेगा इस स्थिति में गरीब आदमी कर्ज में डूब जाएगा.

सभापति रैना ने बताया कई ऐसे लोग छोटे छोटे व्यवसाय से जुड़े लोगों की लॉकडाउन के कारण आर्थिक स्थिति डांवाडोल हो गई है. बाजार खुलने के कारण वे लोग कमाने काम पर जा पा रहे हैं और अपनी रोजी रोटी के लिए पैसे जुटा पा रहे हैं. अपनी आर्थिक रूप से खराब स्थिति को खड़े करने की कोशिश कर रहे हैं एक बार फिर लॉकडाउन किया जाना ऐसे लोगों के साथ अन्याय होगा. जो मुश्किल से अपना घर चला रहे हैं.

रैना ने बताया कि लॉकडाउन के बाद व्यवसाय को पूनः खड़े करने का प्रयास छोटे एवं मध्यम वर्गीय व्यवसाई कर रहे हैं. बड़ी मुश्किल से धीरे-धीरे व्यापारी की मेहनत से व्यापार पटरी पर आ रहा है लेकिन एक बार फिर उनके व्यापार पर चोट करने की कोशिश कुछ लोग कर रहे हैं, लेकिन हम ऐसा होने नहीं देंगे. हम छोटे एवं मध्यम वर्गीय व्यवसायिक के साथ खड़े हैं. सब्जी व्यापारियों गुमटी ठेला वालों के साथ खड़े हैं. उनके साथ किसी प्रकार का अन्याय नहीं होने दिया जाएगा. वे लोग अपनी स्वेच्छा अनुसार दुकान खोल सकते हैं और शासन के दिशा निर्देशों का पालन करते हुए व्यवसाय कर सकते हैं.

सरायपाली में किसी प्रकार का कोई लाकडाउन शासन प्रशासन की तरफ से नहीं है भ्रामक प्रचार कर कुछ लोग भ्रम की स्थिति पैदा कर रहे हैं जो कि व्यापारी हित में बिल्कुल भी नहीं है.

सरायपाली व्यापारी महासंघ के अध्यक्ष मदन लाल अग्रवाल ने बताया कि सरायपाली में शासन-प्रशासन की तरफ से किसी प्रकार का लॉकडाउन नहीं है. सभी व्यवसाई शासन के दिशा निर्देशों का पालन करते हुए व्यवसाय कर सकते हैं. वह अपनी सुरक्षा अनुसार दुकान खोलने व बंद करने का निर्णय ले सकते हैं. किसी पर किसी भी प्रकार का दबाव नहीं है हम व्यापारियों के हित में व्यापारियों के साथ खड़े हैं.

भ्रष्टाचार को बढ़ावा और मुख्यमंत्री के जीरो टोलरेंस निति को चुनौती देता जनसंपर्क विभाग, पीजीपोर्टल, जनशिकायत, सीएमहेल्पलाइन लाइनपर की गई शिकायत सब बेअसर


अन्य सम्बंधित खबरें